Moral story in hindi

आप सभी लोग तो इस बात से अच्छी तरह परिचित है कि वर्तमान समय में Moral story in hindi का कितना प्रचलन है, इसलिए हमने सोचा क्यों ना आपको Moral story in hindi के अंतर्गत कुछ नयी कहानी उपलब्ध कराई जाए इसलिए हमने आपको इस पोस्ट में Moral story in hindi के अंतर्गत क्षमा पर आधारित   कहानी उपलब्ध कराई है।

इस Moral story in hindi के माध्यम से आप  एक अच्छी सीख लेकर कैसे अपने व्यक्तिगत और आंतरिक संबंधों को ठीक कर सकते हैं।  अगर आप लोग भी Moral story in hindi से संबंधित कहानियां पढ़ने के लिए आए हैं तो आपका हमारे इस आर्टिकल में स्वागत है।  तो शुरू करते हैं हमारी आज की कहानी Moral story in hindi जो क्षमता पर आधारित एक मोरल कहानी है।

Moral story in hindi :- क्षमा पर कहानी 

क्षमा हमारे जीवन का एक महत्वपूर्ण गुण है , क्षमा का महत्व हमारे धार्मिक ग्रंथों में और पौराणिक कथाओं में भी किया गया है। क्षमा में वह शक्ति है जिससे व्यक्तिगत  और भावनात्मक विकास होता है। इस लेख में हम आपके लिए क्षमा पर कहानी लेकर आए हैं। यह कहानी दो दोस्तों पर आधारित है। 

 क्षमा करना  एक साहसिक कौन है यह काम हर कोई नहीं कर सकता।  जब सामने वाला कोई गलती करते और हम उस गलती को भूल कर उसको क्षमा करें ऐसा बहुत कम लोग करते हैं।  क्षमा करने से सामाजिक और आपसी संबंध बने रहते हैं। 

क्षमा की भावना हमें एक आदर्श व्यक्तित्व की ओर ले जाती है। इस शब्द का अर्थ दूसरों  की भूलों को  भूल जाना होता है।  आपसी संबंध, आंतरिक शांति और दूसरे व्यक्ति के प्रति  क्रोध को समाप्त क्षमा की भावना कर देती है।  क्षमा की भावना से हम नकारात्मक और अहंकारी गुणों से दूर होते हैं  एवं उदारता और स्नेह की भावना के  निकट आ जाते।  इससे हमारे आत्मविश्वास का भी निर्माण होता है। आगे आपके लिए प्रस्तुत है क्षमा की कहानी। 

बहुत पुरानी बात है दो दोस्त जिनका नाम राजेश और कोमल था, एक दूसरे के पक्के मित्र थे। दोनों बचपन से एक ही स्कूल में पढ़े और हमेशा  संग संग रहे।  स्कूल के बाद दोनों ने एक ही कॉलेज में दाखिला लिया और आगे की पढ़ाई जारी रखी।  दोनों की दोस्ती  बहुत पक्की थी यहां तक कि दोनों एक दूसरे के सारे रिश्तेदारों और पड़ोसियों को भी अच्छे से जानते थे। 

Moral story in hindi :- क्षमा पर कहानी 

मोहल्ले के लोग राजेश और कोमल की दोस्ती का उदाहरण दिया करते थे।  राजेश पढ़ने में तेज है जबकि कॉमर्स पढ़ने में थोड़ा कमजोर था पर राजेश हमेशा कोमल की मदद करता और उसके भी अच्छे नंबर आ जाते थे।  राजेश पढ़ाई के साथ-साथ अन्य क्षेत्र में भी जैसे खेलकूद, धार्मिक कार्य, प्रीति योग्यताएं, पेंटिंग, क्रिकेट में भी बहुत आगे था। 

आप इस प्रकार से यह कह सकते हैं कि राजेश हर एक चीज में  आगे था।  पर राजेश को  इस बात का तनिक भी घमंड नहीं था कभी-कभी कोमल राजेश टैलेंट से थोड़ा चिढ़ जाता पर वह दोनों अच्छे दोस्त हैं इसलिए उनके बीच में कभी यह बात नहीं आती। 

धीरे-धीरे वक्त निकलता गया और दोनों का कॉलेज पूरा हो गया ,अब दोनों नौकरी की तलाश में  लग गए।  जहां-जहां राजेश आवेदन देता। वही कोमल भी आवेदन देता पर बहुत कम नौकरी होने की वजह से किसी को नौकरी नहीं मिल पाती। कुछ दिन ऐसा ही चला फिर , देश के किसी रिश्तेदार में एक कंपनी में राजेश के लिए नौकरी की बात थी पर राजेश ने जिद पकड़ी की अगर आप कोमल की थी वहां बात करेंगे तभी हम वहां जाकर इंटरव्यू देंगे। 

वैसे तो उस कंपनी में राजेश के रिश्तेदारों का कोई डायरेक्ट कनेक्शन नहीं था पर उनका एक दोस्त उस कंपनी में था जो राजेश को इंटरव्यू  मैं शॉर्टलिस्ट करवा सकता था बाकी आगे का राजेश और कोमल को ही करना था। 

दोनों की बात उस कंपनी में हो गई और इंटरव्यू का समय आ गया।  कोमल के मन में यह चल रहा था कि वह पढ़ने में कमजोर है और राजेश से पीछे है कहीं ऐसा ना हो कि राजेश का हो जाए और मुझे नौकरी ना लगे।   राजेश जानता था कि कोमल पढ़ने में थोड़ा कमजोर है पर वह अच्छी मेहनत करे तो उसको भी नौकरी लग जाएगी।  कोमल का आत्मविश्वास बढ़े इसलिए राजेश ने उसको यह नहीं बताया की इंटरव्यू की बात पहले से हो गई है। 

दोनों एक साथ बाइक पर बैठकर  इंटरव्यू के लिए निकले दोनों में अपनी अपनी फाइल अपनी बारी का इंतजार करने लगे।  पहले राजेश का नंबर आया , इंटरव्यू में पूछे गए सारे सवाल का जवाब राजेश ने बड़े अच्छे से दिया  और राजेश की नौकरी लगभग तय हो गई थी तभी इंटरव्यू करने वालों ने राजेश के सर्टिफिकेट चेक किए उसमें साजिश की एक  मार्कशीट नहीं दिखती। 

Moral story in hindi :- क्षमा पर कहानी 

राजेश ने सारे डाक्यूमेंट्स को एक बार फिर से अच्छे से देखा और बाहर जो बैग लेकर आया था उसमें भी मार्कशीट को देखा और वह कहीं नहीं मिली।  ओरिजिनल मार्कशीट ना होने की वजह से राजेश नौकरी के लिए अपात्र हो गया।  जब तक राजेश कॉलेज से दूसरी मार्कशीट निकलवा था तब तक बहुत देर हो जाती है इसलिए इंटरव्यू पैनल राजेश को अपात्र करके बाहर कर दिया। 

राजेश मार्कशीट ना मिलने से बहुत परेशान हो  गया उसको अच्छे से याद था कि यहां आने से पहले उसने मार्कशीट अपने बैग में रखी है पर ना जाने क्या हुआ कि मार्कशीट कहीं गोल हो गई। 

 कोमल का इंटरव्यू बहुत अच्छा गया और उसको नौकरी मिल गई।  कोमल की सफलता से राजेश को भी बहुत खुशी हुई और राजेश ने बिना बताए एक बड़ी पार्टी का आयोजन किया क्योंकि उसके दोस्त की नौकरी लगी थी और यह पहली नौकरी थी इसलिए यह सबसे ज्यादा स्पेशल थी। 

राजेश को इस बात का दुख भी था पर वह अपनी दोस्त की खुशी में शामिल होना चाहता था इसलिए उसने इस पार्टी का इंतजाम किया। 

 राजेश ने कोमल के सारे रिश्तेदारों को, स्कूल के दोस्तों को, कॉलेज के दोस्तों को सबको बुलाया। 

कोमल राजेश जी यह सरप्राइज पार्टी देखकर  बहुत खुश हुआ पर मन ही मन उसको इस बात  का बुरा लग रहा था कि वह राजेश की मार्कशीट नहीं छुपाता तो शायद  उसको नौकरी नहीं मिलती। एक नौकरी के लिए कोमल ने राजेश से  विश्वासघात किया। 

कोमल से ज्यादा देर रहा नहीं गया और वह फूट-फूट कर रोने लगा और राजेश से उसने सारी सच्चाई कह दी। राजेश ने जैसे ही सच सुना उसके  पैरों के तले से जमीन निकल गई।  उसने कभी नहीं सोचा था कि कोमल उसको इतना बड़ा धोखा देगा। राजेश चुपचाप उस पार्टी से चला गया और फिर उसने बहुत दिनों तक कोमल से बात नहीं की। 

एक दिन कोमल राजेश से मिलने पहुंचा और दोबारा अपनी गलती की माफी मांगी।  राजेश भी बहुत दिनों से इस बात को लेकर परेशान था और दिन रात मेहनत कर रहा था राजेश ने इस बार तनक भी समय नहीं गवाया और कोमल को माफ कर दिया। 

कोमल को माफ करना आसान नहीं था पर राजेश को आंतरिक शांति और बचपन से बने इस  मधुर संबंध को निभाने के लिए , राजेश ने अपने गुस्से, और कोमल की गलती को भूल जाना ही उचित समझा।  कुछ दिनों बाद राजेश को उससे कहीं ज्यादा बड़ी कंपनी में नौकरी मिल गई।  दोनों की दोस्ती फिर से प्रारंभ हो गई और दोनों हमेशा फिर से साथ रहने लगे। 

 शिक्षा

क्षमा की कहानी में आपने पढ़ा कैसे दो दोस्तों की टूटी हुई दोस्ती दोबारा ठीक हो गई।  क्षमा व्यक्तिगत संबंधों और आंतरिक शांति के लिए बहुत महत्वपूर्ण है।  जब हम दूसरे की गलती को माफ करने का साहस करते हैं तो हमको भी  बहुत अच्छा अनुभव होता है।  क्षमा केवल गलती करने वाले पर ही प्रभाव नहीं डालती अपितु जो क्षमा करता है उस पर भी प्रभाव डालती है

निष्कर्ष

हमें Moral story in hindi के अंतर्गत क्षमा पर आधारित इस कहानी से  सीख लेनी चाहिए कि कैसे हम किसी व्यक्ति को क्षमा करके अपने आंतरिक और व्यक्तिगत संबंध को सुधार सकते हैं। इस प्रकार इस Moral story in hindi में बताया गया है कि हम किस प्रकार किसी व्यक्ति को क्षमा करके अपने संबंधों को कैसे अच्छा रख सकते हैं।

हम सबको इस Moral story in hindi से सीख लेनी चाहिए कि हमें अपने जीवन में किस प्रकार से किसी व्यक्ति को क्षमा करके अपने संबंधों को किस तरह अच्छा करना है।

तो आप हमें यह बताना ना भूले की आपको हमारी आज की यह कहानी Moral story in hindi कैसी लगी, अगर आप लोगों को हमारी कहानी Moral story in hindi पसंद आई हो तो उसे लाइक शेयर एवं कमेंट जरुर करें।  ऐसी ही Moral story in hindi पढ़ते रहने के लिए हमारे पेज को फॉलो जरूर करें।

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